अपराध

युवक को जिंदा जलाया और लोग वीडियो बनाते रहे

जोधपुर। मंडोर थाना क्षेत्र के आंगणवा इलाके में सोमवार को हृदय विदारक घटना देखने को मिली। एक युवक को जिंदा जला दिया गया। वह बचाओ-बचाओ चिल्लाता रहा। युवक को जलते देख मौके पर लोगों की भीड़ एकत्र हो गई। ये भीड़ तमाशबीनों की थी। लोगाें की संवेदना इतनी मर गई कि वे बजाय उसे बचाने के, विडियो बनाते रहे। पीड़ित युवक को पौन घंटे बाद इलाज नसीब हो सका, लेकिन देरी से इलाज मिलने के कारण युवक की मौत हाे गई। मृतक की पहचान तरुण परिहार पुत्र राजेंद्रसिंह परिहार के रूप में हुई है। वह रामसागर चौराहा के निकट शांति भवन क्षेत्र में रहता था। परिजनों ने मंडोर पुलिस को हत्या की आशंका जताते हुए रिपोर्ट दी है। पूरे मामले का खुलासा नहीं होने तक शव उठाने से इनकार करते हुए देर शाम तक परिजन व समाज के लोग एमजीएच मोर्चरी के बाहर धरना देकर बैठे रहे। रात को आक्रोशित लोगों ने मोर्चरी के बाहर रास्ता रोक प्रदर्शन किया। इसके बाद निगम के नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र सोलंकी, सुनील परिहार, सुभाष गहलोत, मयंक देवड़ा, पंकज सांखला सहित अन्य प्रतिनिधिमंडल की पुलिस के आला अधिकारियों से वार्ता हुई। इसमें दो दिन में पूरे मामले का खुलासा कर दोषियों को गिरफ्तार करने का भरोसा मिलने के बाद लोग शांत हुए। मंडोर थानाधिकारी प्रदीप शर्मा ने बताया कि सोमवार सुबह करीब 10 बजे सूचना मिली कि आंगणवा में एक युवक अधजली हालत में पड़ा कराह रहा है। पुलिस टीम कुछ ही देर में मौके पर पहुंची और 108 एंबुलेंस से उसे महात्मा गांधी अस्पताल भिजवाया। पुलिस ने मौके से कुछ कदमों की दूरी पर मिली बाइक नंबरों के आधार पर युवक की पहचान की। उसके भाई अनिल की ओर से हत्या की आंशका जताते हुए रिपोर्ट दी गई है। पुलिस ने एमजीएच मोर्चरी में मेडिकल बोर्ड से शव का पोस्टमार्टम कराया।